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कुंडली मिलान की समस्याएं और समाधान

घोर मांगलिक योग और भाग्य पर निर्भरता – Pure Manglik & Dependency on fate माता पिता के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है यह जानना कि जिस जगह रिश्ता देखने जा रहे हैं वहां पर बात पक्की होगी या नहीं | होता यह है कि वर वधु के रिश्ते से लेकर शादी तक दोनों पक्ष काफी …

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घोर मांगलिक योग और भाग्य पर निर्भरता – Pure Manglik & Dependency on fate

माता पिता के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है यह जानना कि जिस जगह रिश्ता देखने जा रहे हैं वहां पर बात पक्की होगी या नहीं | होता यह है कि वर वधु के रिश्ते से लेकर शादी तक दोनों पक्ष काफी आशावादी होते हैं | कुछ लोग छोटी छोटी बातों को नजरअंदाज करते है या तो कुछ छोटी सी कमी को देखकर रिश्ता ठुकरा देते हैं | होना यह चाहिए कि रिश्ता आगे बढाने से पहले जन्म तारिख आदि पूछ लेनी चाहिए | बाद में पता चलता है कि बात काफी आगे बढ़ गई और लड़का घोर मांगलिक निकला या लड़की मांगलिक थी | ऐसी स्थिति में शादी के लिए मन कम ही लोग कर पाते हैं और सब कुछ भाग्य पर छोड़ देते हैं |

क्या इन सब प्रश्नों का उत्तर जन्मकुंडली में नहीं है ? – Does your horoscope have answer of all such questions

जिन लोगों के पास शादी के लिए काफी समय होता है कभी कभी वे अच्छे अच्छे रिश्ते छोटी सी कमी की वजह से ठुकरा देते हैं और जिनके पास समय नहीं होता वे पूरी तरह भाग्य पर निर्भर करते हैं |

रिश्ते की बात आगे बढाने से पहले का समय काफी उत्सुकता का होता है | जैसे कि बताई गई आमदनी में कितना सच है, उम्र देखने में ज्यादा लगने पर शक होना, कोई बीमारी वगैरह जो कि छुपाना आम बात है, कोई अफेयर तो नहीं है वगैरह वगैरह | भावी वर वधु के बारे में जानने के लिए जासूस की तरह पूछताछ की जाती है ताकि हर छोटी छोटी बात पता चल सके | हर तरह से छानबीन करने के बाद भी मन में कुछ दुविधा अवश्य रहती है कि कहीं सब कुछ दिखावा न हो | यहाँ भी कुदरत के बनाए भाग्य के सहारे वर वधु को सौंप दिया जाता है |

भाग्य ही सब कुछ है

अब यदि भाग्य ही सब कुछ है तो संजोग क्या चीज है | यदि जोड़ियाँ स्वर्ग में बनती हैं तो कुंडली क्यों मिलाएं | किस पर विश्वास करें और किस पर नहीं | टीवी पर आने वाले ज्योतिषाचार्यों की फीस भी हर कोई खर्च नहीं कर सकता | अब रिश्ता भी एक बार देखकर तो किया नहीं जाता | हो सकता है कि एक ही महीने में कई जगह कुंडली मिलानी पड़े तो इस स्थिति में बार बार ज्योतिषी के दरवाजे खटखटाना भी हर कोई नहीं चाहता |

स्वर्ग में बनने वाली जोड़ियाँ कुछ ऐसी भी होती हैं जो जल्दी टूट जाती हैं | इसलिए भाग्य के भरोसे वर वधु को छोड़ने से पहले जन्मकुंडली मिलान आवश्यक है | रिश्ता टूटने के बाद भी लोग ज्योतिषी के पास जाते देखे गए हैं |

कुंडली मिलान क्यों और कैसे ? Why Kundli Matching is necessary and how to match Kundali?

ज्योतिष का सामान्य ज्ञान हर व्यक्ति को यदि हो तो एक ज्योतिषी से बात करते ही आपको पता चल जाएगा कि सामने वाले व्यक्ति को कितना ज्ञान है | फिर अनुभवी विद्वान् की हर बात में किसी न किसी तरह का Logic अवश्य होगा |

चाहे आपके पास विवाह तय करने के लिए समय हो या न हो | घोर मांगलिक आदि का विचार पहले से कर लिया जाए तो समय नष्ट नहीं होगा यह बात तय है | वर वधु की जासूसी की आवश्यकता ही नहीं पड़ेगी यदि ज्योतिष का सहारा लिया जाए |

यदि बात भाग्य की है तो कर्म का सन्देश ईश्वर दिया है | उचित समय पर उचित कदम उठाना ही कर्म है |

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One comment

  1. K R MURALIKRISHNA

    THe star of Boy is ROHINI 1st sect and that girl is MOOLA 3rd sect – In the famous MYSORE PANCHANGA( ONTIKOPPAL ) – the gun matching is 20 — but when iexamined in websites it comes to 13 — why this parity – whom to believe

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